Highlights
- कोलकाता में TMC दफ्तर से साइनबोर्ड हटाने पर हंगामा, डेरेक ओ'ब्रायन सीढ़ियों पर गिरे।
- ओ'ब्रायन ने 150 से ज्यादा पुलिसकर्मियों पर इमारत में अवैध प्रवेश का आरोप लगाया।
- कैमैक स्ट्रीट विवाद में कोलकाता पुलिस ने 12 लोगों को हिरासत में लिया, जांच जारी।
कोलकाता: पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में गुरुवार को तृणमूल कांग्रेस के दफ्तर में उस समय हंगामा हो गया, जब कोलकाता नगर निगम की टीम ने पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव और सांसद अभिषेक बनर्जी के कैमैक स्ट्रीट स्थित कार्यालय से ‘ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ लिखा साइनबोर्ड हटा दिया। इस दौरान TMC सांसद डेरेक ओ'ब्रायन सीढ़ियों पर गिरते हुए दिखाई दिए। पार्टी ने इस घटना का वीडियो अपने आधिकारिक X हैंडल पर भी साझा किया है। ओ'ब्रायन ने आरोप लगाया कि कार्रवाई के दौरान 150 से ज्यादा पुलिसकर्मी बिना अनुमति के इमारत में घुस आए और पार्टी कार्यकर्ताओं को सीढ़ियों पर धक्का दिया।
‘बिना साइन किया हुआ नोटिस लेकर आए’
घटना के बाद पत्रकारों से बात करते हुए डेरेक ओ'ब्रायन ने कहा,
'दोपहर 3:30 बजे कोलकाता नगर निगम एक अवैध नोटिस लेकर आया, जिसे कोलकाता पुलिस का समर्थन था। नोटिस पर हस्ताक्षर नहीं थे। उसमें लिखा था कि एक तस्वीर संलग्न है, लेकिन कोई तस्वीर नहीं थी। नोटिस में कोई विवरण भी नहीं था। पार्टी के लोगों ने करीब डेढ़ घंटे तक अधिकारियों को समझाने की कोशिश की, लेकिन इसके बाद पुलिसकर्मी इमारत के अंदर चले गए। उन्होंने अवैध रूप से इमारत में प्रवेश किया। 150 से ज्यादा पुलिस अधिकारी अंदर गए। उन्होंने सीढ़ियों पर हमें धक्का दिया और धक्कामुक्की की।'
‘अभिषेक बनर्जी भी मौके पर मौजूद थे’
TMC सांसद ने दावा किया कि इस दौरान पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी भी वहां मौजूद थे। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई को अगले दिन होने वाली TMC की वार्षिक छात्र रैली से भी जोड़ते हुए आरोप लगाया कि यह कार्रवाई उसी वजह से की गई। ओ'ब्रायन ने कहा,
'उन्होंने हमें सीढ़ियों पर धक्का दिया और धक्कामुक्की की। अभिषेक भी वहां थे। यह सब आज इसलिए किया गया क्योंकि कल तृणमूल कांग्रेस की वार्षिक छात्र रैली है।'
ओ'ब्रायन ने आगे BJP पर निशाना साधते हुए कहा कि यह सब BJP और उसकी ‘B टीम’ की ओर से किया जा रहा है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस ने TMC के 10 से 15 कार्यकर्ताओं को अवैध तरीके से हिरासत में लिया है।
पुलिस की मौजूदगी में हटाया गया साइनबोर्ड
यह पूरा विवाद तब शुरू हुआ, जब कोलकाता नगर निगम के कर्मचारी कोलकाता पुलिस की मौजूदगी में कैमैक स्ट्रीट स्थित उस इमारत में पहुंचे, जहां अभिषेक बनर्जी का TMC कार्यालय है। अधिकारियों ने इमारत से ‘ऑल इंडिया तृणमूल कांग्रेस’ लिखा साइनबोर्ड हटा दिया। इसके बाद वहां TMC नेताओं और पुलिस के बीच विवाद और धक्कामुक्की की स्थिति बन गई। इसी दौरान डेरेक ओ'ब्रायन के सीढ़ियों पर गिरने का वीडियो सामने आया।
‘लोकतांत्रिक व्यवस्था कमजोर हो रही’
TMC के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने भी इस घटना पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X के जरिए प्रतिक्रिया दी। उन्होंने प्रशासन पर निशाना साधते हुए कहा कि पश्चिम बंगाल में लोकतांत्रिक और संवैधानिक व्यवस्था लगातार कमजोर हो रही है। अभिषेक बनर्जी ने लिखा,
'पश्चिम बंगाल संवैधानिक शासन के लगातार कमजोर होने और चिंताजनक तरीके से पुलिस स्टेट की ओर बढ़ने का गवाह बन रहा है।'
बनर्जी ने आगे कहा कि जब राज्य की शक्ति संवैधानिक नियंत्रण के बिना काम करती है, तब न्यायपालिका ही बचाव की आखिरी उम्मीद रह जाती है।
कोलकाता पुलिस ने 12 लोगों को हिरासत में लिया
इस बीच, कोलकाता पुलिस ने कहा है कि कैमैक स्ट्रीट की घटना के सिलसिले में 12 लोगों को हिरासत में लिया गया है। पुलिस के मुताबिक, मामले से जुड़ी जानकारी जल्द ही साझा की जाएगी। इस घटना के बाद TMC और प्रशासन के बीच राजनीतिक टकराव और बढ़ने के संकेत हैं। खास तौर पर अगले दिन होने वाली पार्टी की वार्षिक छात्र रैली को देखते हुए कैमैक स्ट्रीट की घटना को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। बता दें कि पिछले महीने अभिषेक बनर्जी के दफ्तर पर बुलडोजर चला था, जिसके लिए कुछ दिन पहले नोटिस भी दिया गया था।
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